दशहरा 2024: दशहरे पर शमी वृक्ष की पूजा से कई लाभ, इन उपायों से बनेंगे मालामाल! ज्योतिषी से जानें विधि

खबर शेयर करें

समाचार सच, अध्यात्म डेस्क। दशहरे पर रावण दहन होता है। यह दिन बुराई पर अच्छाई की जीत के लिए जाना जाता है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, आज के दिन नक्षत्र और ग्रह ऐसा योग बनाते हैं, जिनमें यदि कोई उपाय किया जाए जो तो उसका लाभ साल भर बना रहता है। बुंदेलखंड में शमी वृक्ष की पूजा की जाती है। शमी के वृक्ष की पत्तियों को माता महालक्ष्मी के लिए समर्पित किया जाता है। भगवान भोलेनाथ पर चढ़ाया जाता है। इससे नकारात्मकता दूर होती है और माता लक्ष्मी की कृपा से सुख संपत्ति मिलती है। शनि दोष से भी मुक्ति मिलती है।

कुबेर ने राजा की दी थी शमी की पत्तियां
सागर के मकरोनिया में स्थित आसरा ज्योतिष केंद्र के ज्योतिषी पंडित अनिल कुमार पांडे बताते हैं कि पौराणिक कथाओं के अनुसार, राजा रघु के लिए कुबेर ने शमी की पत्तियां दी थी। शमी का पेड़ सोने का हो गया था। सोने में लक्ष्मी जी का वास होता है, इसलिए दशहरे के दिन शमी पेड़ की पत्तियों को माता लक्ष्मी को समर्पित किया जाता है। उनके पास में रखकर इसकी पूजा अर्चना की जाती है और फिर बुंदेलखंड में शमी की पत्तियों को दोस्तों, मित्रों, रिश्तेदारों में एक दूसरे को दिया जाता है। ताकि उनके पास धन वैभव आए, घर में भी उसको रखते हैं। ऐसा भी कहा जाता है कि शमी के पेड़ में शनिदेव का वास होता है। शमी की पूजा से भी संकट दूर हो जाते हैं। ग्रहों का असर नहीं होता है।

यह भी पढ़ें -   अब हल्द्वानी में सुशीला तिवारी अस्पताल को मिला धमकी भरा ई-मेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

पांडवों ने शमी पेड़ में छिपाए थे वृक्ष
पौराणिक कथा के अनुसार, द्वापर युग में अर्जुन ने भी शमी वृक्ष की पूजा की थी और अपने हथियार शमी वृक्ष के पास रखकर तपस्या करने के लिए चले गए थे। इसके बाद उन्होंने महाभारत के युद्ध में विजय श्री प्राप्त की। दूसरी कथा है कि जब पांडवों को अज्ञातवास दिया गया था तो उन्होंने अपने अस्त्र शमी के पेड़ में छिपाकर रखे थे।

यह भी पढ़ें -   36 लाख की स्मैक के साथ तस्कर दबोचा, नैनीताल पुलिस की बड़ी कार्रवाई

ऐसे करें पूजा
दशहरे के दिन शमी के पेड़ की पूजा करने के लिए सबसे पहले आप शमी के पेड़ के पास पहुंचकर प्रणाम करें। फिर जल की धारा प्रवाहित करें। चंदन अक्षत लगाएं। साथ ही पुष्प अर्पित करें। फिर शमी के पेड़ के पास दीपक जलाकर आरती उतारें. हाथ जोड़कर प्रार्थना करें।

दशहरे पर शमी की पूजा के लाभ

  1. दशहरे के दिन शमी वृक्ष की पूजा करने से व्यक्ति कई प्रकार के संकटों से बचता है। साथ ही उसे हर क्षेत्र में सफलता मिलती है।
  2. विजयदशमी के दिन अगर शमी की पूजा की जाए तो घर से हर तरह का तंत्र-मंत्र व बाधा का असर खत्म हो जाता है।
  3. साथ ही शमी का पूजा करने से सभी प्रकार के दोष समाप्त हो जाते हैं। शनि की साढ़ेसाती, ढैय्या का प्रभाव भी कम होता है।
Ad AdAd Ad Ad Ad AdAd Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad

सबसे पहले ख़बरें पाने के लिए -

👉 हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ें

👉 फेसबुक पर जुड़ने हेतु पेज़ लाइक करें

👉 यूट्यूब चैनल सबस्क्राइब करें

हमसे संपर्क करने/विज्ञापन देने हेतु संपर्क करें - +91 70170 85440