धूमधाम से मनाया गया रक्षाबंधन, राखी बंधवाकर भाइयों ने लिया बहिनों की रक्षा का संकल्प, 12 को भी बांधी जायेगी राखी

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समाचार सच, हल्द्वानी। रक्षाबंधन का त्योहार बुधवार को धूमधाम के साथ मनाया गया। बहन-भाई के प्यार का प्रतिक इस त्योहार को लेकर घर-घर में व्यापक तैयारियां की गई थी। बुधवार की सुबह लोग स्नान कर देवी देवताओं की पूजा अर्चना किया। इसके उपरांत बहनों ने भाइयों की कलाई में रक्षा सुत बांधकर जन्म जन्म तक सुख-दुरूख में साथ निभाने का वचन भाईयों से लिया। वहीं भाईयों ने भी बहनों को उपहार देकर हमेशा साथ निभाने का वादा किया। इस दौरान मुंह मीठा करने का दौर भी जारी रहा। घर के बुढे- बुजुर्गों का पैर छुकर आशीर्वाद लिया।
आपको बता दें कि इस वर्ष रक्षाबंधन का पर्व मनाने को लेकर इस बार दुविधा की स्थिति बनी रही। पंचांगकार व ज्योतिषाचार्य 11 व 12 अगस्त को पर्व मनाने को लेकर बंटे रहें। जिसको लेकर आधे लोगों ने बुधवार को रक्षाबंधन पर्व मनाया और बांकी शेष लोग कल यानि 12 अगस्त को रंक्षाबंधन मनायेंगे। हालांकि पर्वतीय क्षेत्र में अधिकांश लोग 12 अगस्त को रक्षाबंधन मना रहे हैं। देवीधुरा धाम में बग्वाल भी 12 अगस्त को ही खेली जाएगी।
इधर इस पर्व को लेकर श्रीतारा प्रसाद दिव्य पंचांग के संपादक डा. रमेश जोशी व ज्योतिषाचार्य डा मंजू जोशी ने 11 अगस्त को रक्षाबंधन मनाने की बात कही है। तर्क दिया है कि भद्रा का वास पाताल लोक में होने से पृथ्वी पर इसका प्रभाव नहीं रहेगा। 12 अगस्त को एक मुहूर्त तक भी पूर्णिमा नहीं रहेगी, ऐसे में 11 को राखी बांधनी चाहिए। वहीं दूसरी ओर पर्व निर्णय सभा उत्तराखंड के अध्यक्ष डा. जगदीश चंद्र भट्ट ने कहना था कि 12 अगस्त को उदयव्यापिनी पूर्णिमा तिथि में रक्षाबंधन व श्रावणी उपाकर्म मनाना शास्त्र सम्मत है। 12 अगस्त की सुबह 7.06 बजे तक पूर्णिमा रहेगी। उससे पहले रक्षासूत्र व जनेऊ की प्रतिष्ठा कराकर पूरे दिन किसी भी समय उसे धारण किया जा सकता है।

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आज रक्षाबंधन पर्व मनाने वालों ने पंचाग के अनुसार प्रात 10.30 के बाद अधिकांश बहनों ने भाई की कलाई पर राखी सजाई और उपहार पाकर अपनों के साथ खुशियां मनाई सुबह से शुरू हुआ रक्षाबंधन का त्यौहार रात तक चलता रहा। रक्षाबंधन पर सबसे ज्यादा एक्साइटेड बच्चे रहे सुबह से ही भाई-बहन इसे लेकर हालचाल करते नजर आए। इसके अलावा मिलने वाले उपहारों का इंतजार बच्चों को रहा। साथ ही मनपसंद के पकवान और घूमने जाने का मौका भी बच्चों के लिए रोमांच भरा था रक्षाबंधन पर सबसे ज्यादा खुश बच्चे ही नजर आए। ईश्वर पूजन के बाद भाई को तिलक मिष्ठान पूजन नारियल रुमाल के साथ बहन ने राखी बांधी। इस मौके पर बच्चों में विशेष उत्साह देखने को मिला। भाई और बहन के इस विशेष त्योहार को लेकर अधिकांश घरों में बहनों ने मंगलवार की रात में प्लानिंग कर ली थी जिससे सुबह होने की त्योहार की धूम घरों में नजर आने लगी।

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