उत्तराखण्ड में मां की निर्ममता से हत्या करने वाले बेटे को कोर्ट ने सुनाई फांसी की सजा

Ad
Ad
खबर शेयर करें

समाचार सच, नैनीताल। उत्तराखण्ड के नैनीताल जिले में गौलापार उदयपुर रैक्वाल क्वीरा फार्म, चोरगलिया में 2019 में अपनी मां की निर्ममता से हत्या करने वाले मामले में बुधवार को कोर्ट ने उक्त वारदात को जघन्य बताते हुए अहम फैसला सुनाया। जानकारी के मुताबिक बुधवार को प्रथम अपर जिला सत्र न्यायाधीश प्रीतू शर्मा की अदालत ने मां की गर्दन काटकर हत्या करने के दोषी बेटे को फांसी की सजा सुनाई है। इसी के साथ ही जानलेवा हमला करने के मामले में भी आजीवन कारावास की सजा सुनाई गयी है। इधर कोर्ट के अदालत के बाद अभियुक्त को पुनः जेल भेज दिया गया है।

यह भी पढ़ें -   नियमितीकरण को लेकर सफाई कर्मचारियों ने की मुख्यमंत्री से वार्ता, जल्द होगी मांग पूरी

अभियोजन की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी सुशील कुमार शर्मा ने बताया कि सात अक्टूबर 2019 को उदयपुर रेक्वाल क्वीरा फार्म, चोरगलिया निवासी बेटे ने मां का सिर धड़ से अलग कर दिया था। उसी दिन मृतका के पति सोबन सिंह पुत्र कुंवर सिंह निवासी ग्राम उदयपुर रेक्वाल, गौलापार द्वारा चोरगलिया थाने में बेटे डिगर सिंह कोरंगा के खिलाफ धारा-302 व 307 के तहत मुकदमा दर्ज कराया। डीजीसी फौजदारी द्वारा अपराध साबित करने को एक दर्जन गवाह पेश किए थे। विधि विज्ञान प्रयोगशाला की रिपोर्ट में भी आला कतल से वार से हत्या की पुष्टि हुई। बुधवार शाम को सजा पर लंबी बहस हुई तो अभियोजन ने तर्क दिया कि जिस मां ने बेटे को नौ माह तक गर्भ में पाला, उसी ने मौत के घाट उतार दिया। अभियुक्त को फांसी की सजा कम है। बचाव पक्ष ने न्यूनतम सजा का अनुरोध अदालत से किया, जिसे कोर्ट ने ठुकरा दिया।

Ad
Ad

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *