
समाचार सच, हल्द्वानी। कुमाऊं की सबसे प्राचीन रामलीला के प्रथम दिन आज नारद मोह का वर्णन, व्यास पीठ पर विराजमान व्यास पुष्कर दत्त शास्त्री द्वारा किया गया। नारद ने कामदेव को जब जीत लिया तो उनके मन में यह विचार आया कि यह बात मैं किस- किस से जाकर बताऊं इसी के चलते वह सर्वप्रथम भगवान शंकर को जाकर बताते हैं कि उन्होंने आज कामदेव जीत लिया है जिसपर शंकर जी कहते हैं कि आप यह मुझे बता दिया लेकिन भगवान विष्णु को यह बात मत बताना लेकिन नारद जी अपनी उक्त बात को बताने के लिए जब भगवान विष्णु के पास पहुंचते हैं और कामदेव जीतने की व्यथा बताते हैं जिसपर भगवान विष्णु मन में सोचते हैं कि नारद के मन में अहंकार आ गया है जिसके चलते वह एक लीला रचते हैं जिसमें उनके द्वारा एक नगर बनाया जाता है जहां पर विश्व मोहनी का स्वयंवर होता है जिसके चलते नारद भगवान विष्णु से अपने हित के लिए उनका रूप मांगते भगवान विष्णु जी नें उनके अहंकार को तोड़ने के लिए उन्हें बंदर का रूप दे देते हैं नारद जी समझते हैं कि भगवान विष्णु का मुझे रूप मिल गया है और मन ही मन बहुत खुश होते हुए कहते हैं और शीलनिधि के दरबार में जाकर उसकी पुत्री विश्वमोहनी के आगे पीछे घूमकर विवाह करने की लालसा रखते हैं लेकिन विश्वमोहनी भगवान विष्णु को जयमाल डाल देती है। जब द्वारपाल उनसे कहते हैं कि आपकी शक्ल बंदर जैसी है इस पर क्रोधित होकर भगवान विष्णु को श्राप दे देते हैं श्राप देते ही भगवान विष्णु अपनी लीला समाप्त करते हैं तब नारद जी को पश्चाताप होता है जिसपर भगवान विष्णु द्वारा समझाया जाता है यह मेरी लीला तो पूर्व निर्धारित है नारदजी, पृथ्वी पर राक्षसों के अंत के लिए राम जन्म होना है इसके लिए आप द्वारा दिया गया श्राप ही कारक होगा। भगवान विष्णु नारद जी से कहते हैं। विष्णु का अभिनय संजय रावत, नारद का अभिनय तनिष्क सनवाल ने अपने अभिनय से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। कार्यक्रम का सफल संचालन अतुल अग्रवाल ने किया।
आज की लीला में रामलीला संचालन समिति के सौरभ अग्रवाल, हरिमोहन अग्रवाल, प्रेम गुप्ता, राजेंद्र अग्रवाल मुन्ना बसंत अग्रवाल, योगेश शर्मा, अजय अग्रवाल, सुमित जायसवाल, तरंग अग्रवाल आदि सदस्य उपस्थित थे। आज रामलीला मैदान में नगर के गणमान्य व्यक्तियों में पंडित विवेक शर्मा, रवींद्र बाली, महेश राजा ,सीमा देवल, पूनम अग्रवाल आदि उपस्थित रहे। रामलीला संचालन समिति के वरिष्ठ सदस्य एन बी गुणवंत ने बताया कि कल दिनांक 13 अक्टूबर को श्री रामलीला मंचन में ब्रह्मा आदि देवताओं का आगमन रावण अत्याचार एवं आकाशवाणी की लीला का मंचन किया जाएगा। रामलीला के कलाकारों को दिशा निर्देशन देने का कार्य सुशील शर्मा, निर्मल बिष्ट, हिमांशु गांधी, सचिन जायसवाल, रोहित ठाकुर, जितेंद्र देवल, बिंदेश जायसवाल, बालक नाथ गोस्वामी शामिल थे।



सबसे पहले ख़बरें पाने के लिए -
👉 हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ें
👉 फेसबुक पर जुड़ने हेतु पेज़ लाइक करें
👉 यूट्यूब चैनल सबस्क्राइब करें
हमसे संपर्क करने/विज्ञापन देने हेतु संपर्क करें - +91 70170 85440



