कॅरियर के लिए जलाएं दीप

समाचार सच. स्वास्थ्य डेस्क। कहते हैं कि प्रार्थना में बड़ी शक्ति होती है, इससे व्यक्ति अपने उन कार्यों के भी सिद्ध कर लेता है, जो उनको असंभव दिखाई देते हैं। आजकल युवा प्रेयर की ओर आकर्षित हो रहे हैं। स्टडी…

शुभ माना जाता है घर में चींटियों का इस तरह निकलना

समाचार सच. अध्यात्म डेस्क। चींटियों का घर में से निकलने को हर कोई आम समझता है। इसी वजह से लोग इसे साधारण बात समझकर नजरअंदाज करते हैं। लेकिन शायद आप नहीं जातने कि यह चींटियां शुभ और अशुभ कामों के…

जानिए कैसे मनाये वसंत पंचमी का पर्व…

समाचार सच, (आचार्य सुशोत राज)। वसंत पंचमी एक हिन्दू त्योहार है। इस दिन विद्या की देवी सरस्वती की पूजा की जाती है। यह पूजा पूर्वी भारत, पश्चिमोत्तर बांग्लादेश, नेपाल और कई राष्ट्रों में बड़े उल्लास से मनायी जाती है। इस…

घर के दोष को दूर करती है, झाड़ू

समाचार सच. अध्यात्म डेस्क। झाड़ू कितनी महत्वपूर्ण होती है इसके बारे में सभी जानते हैं। घरों में इसका हर दिन प्रयोग होता है। सुबह के समय घर में झाड़ू लगाने की परम्परा है। इसका संबंध स्वच्छता से है लेकिन क्या…

मौनी अमावस्या में भूलकर भी न करें यह काम

समाचार सच. अध्यात्म डेस्क। इस दिन पवित्र संगम पर देवी-देवताओं का वास होता है इसलिए हर श्रद्धालु का प्रयास रहता है कि मौनी अमावस्या को एक बार पवित्र संगम में डुबकी लगा ले। हिंदू धर्म में कई तीज त्घ्योहार मनाए…

सकारात्मक ऊर्जा का स्रोत पिरामिड

समाचार सच. अध्यात्म डेस्क। आफिस या फैक्ट्री के रिशेप्सन पर वास्तु उपाय के रूप में पिरामिड रखा जायें तो इसका सकारात्मक प्रभाव वहां होने वाले हर कार्य पर पड़ता है। इससे आपको कई तरह के व्यावसायिक लाभ मिल सकते हैं।…

मंगल का प्रतीक होता है स्वास्तिक चिन्ह

समाचार सच. अध्यात्म डेस्क। अत्यन्त प्राचीन काल से भारतीय संस्कृति में स्वस्तिक चिन्ह को मंगल का प्रतीक माना जाता रहा है। किसी भी शुभ कार्य को करने से पहले स्वस्तिक चिन्ह अंकित कर उसका पूजन किया जाता है। महिलाएं अपने…

क्या आप जानते हैं उत्तराखण्ड में है यत्र-तत्र नाग मन्दिर?

समाचार सच. अध्यात्म डेस्क। एक ऐसा ही मन्दिर ‘कालिया नाग’ का कुमाऊँ की पुंगरांव पट्टी में है। मन्दिर तक पहुंचने का रास्ता अतिशय विकट है। एक स्थानीय घास ‘बाबिला’ को पकड़कर 40-50 मीटर की सपाट चढ़ाई चढ़कर मन्दिर तक पहुंचा…

मानव जीवन में रूद्राक्ष का महत्व

समाचार सच. अध्यात्म डेस्क। रूद्राक्ष को भगवान शिव की आँख कहा जाता है। एक धार्मिक विश्वास के मुताबिक त्रिपुर नामक दैत्य को मारने के लिए भगवान शंकर ने जब कालाग्नि नामक शस्त्र धारण किया, तभी अश्रुपात होने से रूद्राक्ष की…