samit tiku

चेहरा नया लेकिन सोच वही, चार साल का हिसाब देने की मांग

खबर शेयर करें

राज्य को झेलने पड़ेंगे दो-दो उपचुनाव

समाचार सच, हल्द्वानी। आम आदमी पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता समित टिक्कू ने उत्तराखंड बीजेपी पर जमकर हमला बोला। टिक्कू ने कहा कि, बीजेपी की चाल व चरित्र से राज्य की जनता के सामने अब जाहिर हो चुका है। वहीं प्रदेश में सीएम का चेहरा बदलने से कुछ हासिल नहीं होने वाला नही है। बीजेपी पर आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि चेहरा नया लेकिन सोच वही है। उत्तराखंड की जनता के चार साल बर्बाद करने के लिए भारतीय जनता पार्टी को उत्तराखंड की जनता से माफी मांगनी चाहिए।
समित टिक्कू ने कहा कि, इस सरकार ने प्रदेश की जनता के 4 साल बर्बाद कर दिए हैं और अब बीजेपी आलाकमान अपनी नाकामी छुपाने के लिए सीएम का चेहरा बदल रहा है, लेकिन चेहरा बदलने से इस सरकार की कमियां और नाकामी को जनता से नहीं छुपाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि, इन बीते 4 सालों में प्रदेश, विकास की गति से कोसों पीछे चला गया है। त्रिवेन्द्र सिंह रावत के मुख्यमंत्री रहते हुए 4 साल तक सोते रहे। उन्होंने कभी भी प्रदेश के विकास पर ध्यान नहीं दिया जिससे खुद उनकी पार्टी के विधायक और मंत्री नाराज थे, और आखिरकार उन्हें अपनी कुर्सी से हाथ धोना ही पडा। इसके अलावा आप अध्यक्ष ने कहा, आप लगातार कहती आ रही थी ये जीरो वर्क सीएम है जिसपर बीजेपी आलाकमान ने उनको हटा कर आप की जीरो वर्क सीएम वाली बात पर मुहर लगा दी है। यही नहीं अब जिस चेहरे के साथ बीजेपी आई है उससे ये बात साबित होती है कि बीजेपी का चेहरा नया है लेकिन सोच वही है।
समित टिक्कू ने कहा कि, बीजेपी ने प्रदेश की जनता से खिलवाड़ पिछले चार सालों में किया है। अब चेहरा बदलने के बाद प्रदेश की जनता को बीते 4 वर्षों का हिसाब चाहिए जो बीजेपी नहीं दे सकती। जब काम ही नहीं किया तो जवाब क्या देगी इसलिए बीजेपी को सबसे पहले पिछले चार सालों के लिए उत्तराखंड की जनता से माफी मांगनी चाहिए।
आप प्रदेश प्रवक्ता ने कहा, सत्ता परिवर्तन करने से राज्य का भला नहीं होने वाला है ,अगर वाकई में राज्य का भला करना है तो, इस प्रदेश में सत्ता परिवर्तन से ज्यादा, व्यवस्था परिवर्तन की जरुरत थी जिसको करने में बीजेपी नाकाम रही।

दो-दो उपचुनाव झेलने पड़ेंगे
हल्द्वानी।
समित ने कहा कि बीजेपी ने प्रदेश को जबरन दो उपचुनावों की दहलीज पर खड़ा कर दिया है। उन्होंने कहा कि एक सांसद को मुख्यमंत्री बनाए जाने से जहां सांसद की सीट पर उपचुनाव होगा वहीं मुख्यमंत्री की खाली कुर्सी के लिए भी उपचुनाव का आर्थिक बोझ प्रदेश सरकार पर पड़ेगा। उन्होंने कहा कि क्या 57 विधायकों की पार्टी में क्या ऐसा कोई भी काबिल विधायक नहीं था, जिसे मुख्यमंत्री बनाया जा सकता था। यानि बीजेपी का कोई भी विधायक जनता की उम्मीदों के काबिल ही नहीं है ये बात भी बीजेपी ने साबित कर दी।

सबसे पहले ख़बरें पाने के लिए -

👉 हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ें

👉 फेसबुक पर जुड़ने हेतु पेज़ लाइक करें

👉 यूट्यूब चैनल सबस्क्राइब करें

हमसे संपर्क करने/विज्ञापन देने हेतु संपर्क करें - +91 70170 85440

Leave a Reply

Your email address will not be published.