नैनीताल में अफसरों की समीक्षा बैठक में DM का सख्त संदेश, बोले-31 अक्टूबर तक बजट खर्च करें, लापरवाही पर होगी कार्रवाई

खबर शेयर करें

समाचार सच, भीमताल।
नैनीताल जिले में विकास कार्यों की धीमी रफ्तार और सरकारी योजनाओं में बजट खर्च को लेकर जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं। शनिवार को विकास भवन सभागार, भीमताल में आयोजित समीक्षा बैठक में डीएम ने साफ कहा कि 31 अक्टूबर तक उपलब्ध धनराशि का अधिकतम उपयोग सुनिश्चित किया जाए और बजट का पूर्ण सदुपयोग हो।

बैठक में मुख्यमंत्री हेल्पलाइन, मुख्यमंत्री घोषणाओं, विकास कार्यों, जिला एवं राज्य योजना, केंद्र पोषित योजनाओं, बीस सूत्री कार्यक्रम, मानसून व्यवस्था और सड़कों की स्थिति समेत विभिन्न बिंदुओं की समीक्षा की गई।

सीएम हेल्पलाइन की शिकायतें लंबित मिलीं तो कार्रवाई
मुख्यमंत्री हेल्पलाइन की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने अधिकारियों को स्पष्ट चेतावनी दी कि निर्धारित गाइडलाइन के दायरे में आने वाली शिकायतों को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए।
उन्होंने कहा कि शिकायत का निस्तारण करने के साथ संबंधित शिकायतकर्ता से फोन पर बातचीत कर उसे कार्रवाई की जानकारी भी दी जाए। अधिकारियों को हर दिन प्राप्त शिकायतों की स्थिति का अपडेट रखने के निर्देश दिए गए।

डीएम ने स्पष्ट किया कि सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों के निस्तारण में लापरवाही किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी और समय पर कार्रवाई न करने वाले अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।

मुख्यमंत्री घोषणाओं पर भी जताई नाराजगी
मुख्यमंत्री घोषणाओं की समीक्षा में लोक निर्माण विभाग, सिंचाई, पेयजल, युवा कल्याण और नलकूप समेत कुछ विभागों में घोषणाएं लंबित पाए जाने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताई और इन्हें जल्द पूरा करने के निर्देश दिए।
बैठक में बताया गया कि जिले में कुल 237 मुख्यमंत्री घोषणाओं में से 227 पूर्ण हो चुकी हैं, जबकि 16 घोषणाएं विलोपित हैं और 94 घोषणाओं पर कार्रवाई गतिमान बताई गई।

यह भी पढ़ें -   निजी स्कूलों की फीस पर प्रशासन सख्त, 31 अगस्त को वेंडी पब्लिक स्कूल में होगी स्थलीय जांच

बारिश के बाद सड़कों को गड्ढामुक्त करने का अभियान
मानसून के दौरान सड़कों पर बने गड्ढों को लेकर डीएम ने सभी सड़क निर्माण एजेंसियों को अपने-अपने क्षेत्र की सड़कों का तत्काल निरीक्षण और रखरखाव करने के निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि सबसे पहले सड़कों के गड्ढों को भरा जाए। ग्रामीण सड़कों को भी गड्ढामुक्त करने के लिए अभी से कार्ययोजना तैयार की जाए। डीएम ने कहा कि धनराशि की कमी आड़े नहीं आने दी जाएगी।
बारिश के बाद गड्ढामुक्त सड़क अभियान चलाया जाएगा, जिसमें विशेष रूप से व्यस्त विलेज रोड और ओडीआर मार्गों को प्राथमिकता दी जाएगी।

कम बजट खर्च करने वाले विभागों से मांगा स्पष्टीकरण
जिला योजना की समीक्षा के दौरान समाज कल्याण, वन, ऊरेडा, सहकारिता, बाल विकास, प्राथमिक शिक्षा, लघु सिंचाई और राजकीय सिंचाई विभाग में कम धनराशि खर्च होने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताई।

उन्होंने संबंधित अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने और स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिए।
भेषज एवं रेशम विभाग के सक्षम अधिकारी बैठक में अनुपस्थित पाए गए। डीएम ने उनके खिलाफ आवश्यक कार्रवाई करने और शासन को संस्तुति पत्र भेजने के निर्देश दिए।

किसानों के लिए गूल और नहरें चालू रखने के निर्देश
सिंचाई विभाग को निर्देश दिए गए कि मानसून के बाद किसानों को सिंचाई की आवश्यकता को देखते हुए सभी गूल और नहरों की मरम्मत समय रहते पूरी कर ली जाए।

वहीं जल संस्थान और पेयजल विभाग को प्रत्येक पेयजल स्रोत और टैंक की नियमित सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। पेयजल टैंकों में क्लोरीनेशन कराने और क्लोरीनेशन की तारीख अंकित करने को भी कहा गया।

यह भी पढ़ें -   नैनीताल में अपराधियों पर प्रशासन का शिकंजा, दो आरोपियों को जिला बदर करने के आदेश

जिला पंचायत की धीमी प्रगति पर भी नाराजगी
जिला पंचायत की विभिन्न योजनाओं में कम खर्च और धीमी प्रगति पर जिलाधिकारी ने अपर मुख्य अधिकारी, जिला पंचायत से स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिए। साथ ही नैनीताल जिले में स्थायी अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत की तैनाती के लिए शासन को पत्र भेजने को कहा।

विधायक और सांसद निधि के कार्यों की समीक्षा के दौरान कम प्रगति पर भी डीएम ने नाराजगी जताई। उन्होंने मुख्य विकास अधिकारी को कार्यदायी संस्थाओं के साथ नियमित समीक्षा कर कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए।

सहकारिता विभाग के पिछले तीन साल के कामों की होगी जांच
जिलाधिकारी ने सहकारिता विभाग द्वारा पिछले तीन वर्षों में जिले में कराए गए कार्यों की फील्ड वेरिफिकेशन के साथ जांच कराने के निर्देश दिए। इसके लिए मुख्य विकास अधिकारी को समिति गठित करने को कहा गया।

20 करोड़ से अधिक की बड़ी परियोजनाओं की भी समीक्षा
बैठक में जिले में 20 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाली निर्माणाधीन परियोजनाओं की भी समीक्षा की गई। इनमें मानसखंड मंदिर माला के कार्य, काला आगर पंपिंग योजना, इंदिरा नगर नाले का ट्रीटमेंट व सीवरेज कार्य, हल्द्वानी-काठगोदाम पेयजल योजना, बलियानाला ट्रीटमेंट, विभिन्न स्थानों पर पार्किंग निर्माण, हल्द्वानी रोडवेज बस अड्डा और यूयूएसडीए की विभिन्न परियोजनाएं शामिल रहीं।
जिलाधिकारी ने सभी कार्यदायी संस्थाओं को निर्धारित समयसीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण निर्माण पूरा करने के निर्देश दिए।

बैठक में पुलिस अधीक्षक जगदीश चन्द्र, अपर जिलाधिकारी शौरभ असवाल, सचिव जिला विकास प्राधिकरण मनीष कुमार, जिला विकास अधिकारी संतोष पंत, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी मुकेश नेगी समेत जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।

ADVERTISEMENTSAd Ad Ad

सबसे पहले ख़बरें पाने के लिए -

👉 हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ें

👉 फेसबुक पर जुड़ने हेतु पेज़ लाइक करें

👉 यूट्यूब चैनल सबस्क्राइब करें

हमसे संपर्क करने/विज्ञापन देने हेतु संपर्क करें - +91 70170 85440