आयुर्वेद के ये नियम रखेंगे याद तो कभी नहीं पड़ेंगे बीमार

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समाचार सच, स्वास्थ्य डेस्क। भला स्वस्थ कौन नहीं रहना चाहता लेकिन दिन ब दिन बिगड़ता लाइफस्टाइल व्यक्ति को बीमारियों का घर बना रहा है। हालांकि खराब आदतें छोड़ना इतना आसान नहीं होता जितना कुछ नई आदतों को अपनाना। जी हां, अपनी कुछ आदतों में बदलाव करके आप ना सिर्फ स्वस्थ बल्कि बीमारी मुक्त भी रह सकते हैं। चलिए हम आपको आयुर्वेद के कुछ ऐसे छोटे-छोटे टिप्स बताते हैं, जिन्हें दिनभर फॉलो करके आप कई बीमारियों से बच सकते हैं।
सांस लेने का तरीका हो सही
आयुर्वेद के अनुसार, लंग्स को अच्छी तरह फुलाकर सांस लेनी चाहिए। इससे लंग्स हेल्दी रहते हैं और शरीर को पर्याप्त ऑक्सीजन भी मिलती है, जिससे आप स्वस्थ भी रहते हैं।
भोजन से पहले व बाद में सैर
नाश्ते से पहले और लंच व डिनर के बाद कम से कम 500 कदम चलें। इससे पाचन सही रहेगा और खाना भी पच जाएगा। साथ ही इससे पेट की समस्याएं भी नहीं होगी।
ब्रेकफास्ट सबसे जरूरी मील
ब्रेकफास्ट दिन का सबसे जरूरी भोजन है क्योंकि इससे मेटाबॉलिज्म स्टार्ट होता है। 7 से 9 बजे के बीच ही नाश्ता कर लें। साथ ही नाश्ते में ऐसी चीजें शामिल करें, जिससे आपको दिनभर एनर्जी मिले।
सुबह 2 गिलास पानी
सुबह खाली पेट 2 गिलास गुनगुना या नॉर्मल पानी पीएं। आप इसमें शहद व नींबू भी मिला सकते हैं। साथ ही खाली पेट चाय, कैफीन या खट्टी चीजें खाने से बचें। इससे एसिडिटी, उल्टी, जी मचलाना, बैली फैट बढ़ सकता हैं।
पानी पीने का सही तरीका
दिन में कम से कम 9-10 गिलास पानी पीएं लेकिन सिप-सिप करके। खड़े होकर या चलते हुए पानी ना पीएं। अगर गर्मियों में पानी का स्वाद नहीं आता तो आप नींबू पानी, शरबत, नारियल पानी, जूस, स्मूदी आदि पी सकते हैं।
1 एक कटोरी फल या सलाद
दिनभर स्वस्थ भोजन लेने के साथ यह भी जरूरी है कि आप रोजाना 1 कटोरी फल व सलाद जरूर खाएं। इससे शरीर को जरूरी न्यूट्रीशन व पोष्टिक तत्व मिलेंगे और शरीर का तापमान भी सही रहेगा।
भोजन के तुंरत बाद पानी पीना
भोजन के तुरंत बाद पानी पीने से पाचन क्रिया धीमी हो जाती है इसलिए आधा घंटा पहले या बाद में ही पानी पीएं। इसके अलावा भोजन के बाद स्नान भी नहीं करना चाहिए।
अच्छी नींद
रोजाना कम से कम 8-9 घंटे की नींद लेना हर किसी के लिए जरूरी है। इससे आप दिनभर ज्यादा फ्रैश और तरोताजा महसूस करते है।
स्नान से पहले करें तेल मालिश
कोशिश करें कि रोजाना स्नान करने से 10 मिनट पहले सरसों तेल से पूरे शरीर पर मालिश करें। इससे त्वचा की कोशिकाएं साफ व ताजा रहती हैं और स्किन ड्राई भी नहीं होती। साथ ही तेल मालिश से मांसपेशियों को मजबूत व लचीला बनाती है, जिससे जोड़ों के दर्द से राहत मिलती है।
योगासन और व्यायाम
रोजाना कम से कम 30 मिनट योग, मेडिटेशन , प्राणायाम जरूर करें। योग एक ऐसी प्राचीन पद्धति है जो तन और मन को स्वस्थ रखने में मदद करती है। ऐसे में स्वस्थ रहने के लिए इसे अपनी रूटीन का हिस्सा बनाएं।

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