उत्तराखंड: आदमखोर गुलदार का अंत, दो हफ्ते बाद वन विभाग को मिली बड़ी सफलता

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समाचार सच, पौड़ी। उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल जिले के बमठी गांव में दहशत का कारण बने आदमखोर गुलदार को आखिरकार वन विभाग की टीम ने मार गिराया है। करीब दो सप्ताह तक चले लगातार सर्च ऑपरेशन के बाद विभाग को यह सफलता मिली। इसी गुलदार ने बीती 23 अप्रैल को गांव की एक महिला को हमला कर मौत के घाट उतार दिया था, जिसके बाद पूरे इलाके में भय का माहौल बना हुआ था।

जानकारी के मुताबिक 23 अप्रैल को बमठी गांव निवासी सीता देवी घर के समीप खेतों में काम कर रही थीं। इसी दौरान झाड़ियों में छिपे गुलदार ने अचानक उन पर हमला कर दिया। हमला इतना तेज था कि महिला की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखने को मिला और लोगों ने वन विभाग से जल्द कार्रवाई की मांग की थी।

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घटना के तुरंत बाद वन विभाग ने इलाके में विशेष अभियान शुरू किया। विभागीय शूटरों और वन कर्मियों की टीम को गांव और आसपास के जंगलों में तैनात किया गया। लगातार गश्त के साथ कई जगह पिंजरे भी लगाए गए ताकि गुलदार को पकड़ा जा सके। अभियान के दौरान 4 मई को एक कम उम्र का गुलदार पिंजरे में कैद हुआ, जिसे रेस्क्यू कर पौड़ी ले जाया गया। हालांकि ग्रामीणों ने साफ कहा कि वह हमला करने वाला गुलदार नहीं था।

इसके बाद विभाग ने निगरानी और सर्च ऑपरेशन और तेज कर दिया। गुरुवार देर रात टीम ने संदिग्ध गुलदार को चिन्हित किया और कार्रवाई करते हुए उसे शूट कर खत्म कर दिया। गुलदार के मारे जाने के बाद गांव सहित आसपास के क्षेत्रों के लोगों ने राहत महसूस की है।

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वन विभाग की एसडीओ आयशा बिष्ट ने बताया कि महिला पर हमले के बाद से ही विभाग लगातार इलाके में सक्रिय था। विभागीय टीमें दिन-रात गश्त कर रही थीं और शूटरों को ट्रेंकुलाइज करने के साथ अंतिम विकल्प के तौर पर कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे। उन्होंने कहा कि गुलदार का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है और उच्च अधिकारियों के निर्देशानुसार आगे की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।

वहीं जिला पंचायत सदस्य अनुज कुमार ने बताया कि वन विभाग की टीम शुरू से ही पूरी गंभीरता और सतर्कता के साथ अभियान चला रही थी। अब गुलदार के मारे जाने के बाद ग्रामीणों में पहले की तुलना में काफी हद तक भय कम हुआ है।

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