समाचार सच, अध्यात्म डेस्क। आज़ दिनांक १८ जुलाई २०२५ शुक्रवार का पंचांग श्रीसंवत २०८२ श्रीशाके १९४७ श्री सूर्य दक्षिणायन वर्षाऋतु कर्कार्क ३ गते श्रावण कृष्ण पक्ष अष्टमी तिथि शुक्रवार सूर्याेदय ५/२७ बजे सूर्यास्त ७/८ बजे राहु काल १०/३० बजे से…


समाचार सच, अध्यात्म डेस्क। आज़ दिनांक १८ जुलाई २०२५ शुक्रवार का पंचांग श्रीसंवत २०८२ श्रीशाके १९४७ श्री सूर्य दक्षिणायन वर्षाऋतु कर्कार्क ३ गते श्रावण कृष्ण पक्ष अष्टमी तिथि शुक्रवार सूर्याेदय ५/२७ बजे सूर्यास्त ७/८ बजे राहु काल १०/३० बजे से…

समाचार सच, अध्यात्म डेस्क। सावन के पावन महीने की शुरुआत से ही देशभर में शिवभक्ति की लहर है। मान्यता है कि इस दौरान शिव जी की पूजा-अर्चना करने से फल कई गुना अधिक मिलता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार शिव…

समाचार सच, अध्यात्म डेस्क। हिंदू धर्म में विशेष रूप से सोमवार का दिन भगवान शिव की आराधना के लिए सर्वश्रेष्ठ माना गया है। धार्मिक मान्यता है कि इस दिन भगवान भोलेनाथ की पूजा-अर्चना करने पर न सिर्फ कष्टों से मुक्ति…

समाचार सच, अध्यात्म डेस्क। उत्तर भारत में 11 जुलाई 2024 शुक्रवार से सावन मास प्रारंभ हो गया है। पहला सोमवार 14 जुलाई को, दूसरा सोमवार 21 जुलाई को, तीसरा सोमवार 28 जुलाई को और चौथा सोमवार 04 अगस्त को रहेगा।…

समाचार सच, अध्यात्म डेस्क। आज़ दिनांक १० जुलाई २०२५ बृहस्पतिवार का पंचांग श्रीसंवत २०८२ श्रीशाके १९४७ श्री सूर्य उत्तरायण ग्रीष्म ऋतु मिथुनार्क आषाढ़ शुक्ल पक्ष पूर्णिमा तिथि बृहस्पतिवार सूर्याेदय ५/२३ बजे सूर्यास्त ७/१० बजे राहु काल १/३० बजे से ३…

समाचार सच, अध्यात्म डेस्क। गुरु पूर्णिमा आषाढ़ मास की पूर्णिमा को कहते हैं और इस साल गुरु पूर्णिमा का पर्व 10 जुलाई को मनाया जाएगा। इस दिन भगवान विष्घ्णु की विधि विधान से पूजा की जाती है। गुरु पूर्णिमा के…

समाचार सच, अध्यात्म डेस्क। आज़ दिनांक ९ जुलाई २०२५ बुधवार का पंचांग श्रीसंवत २०८२ श्रीशाके १९४७ श्री सूर्य उत्तरायण ग्रीष्म ऋतु मिथुनार्क २५ गते आषाढ़ शुक्ल पक्ष चतुर्दशी तिथि बुधवार सूर्याेदय ५/२३ बजे सूर्यास्त ७/१० बजे राहु काल १२ बजे…

समाचार सच, अध्यात्म डेस्क। आज़ दिनांक ७ जून २०२५ सोमवार का पंचांग श्रीसंवत २०८२ श्रीशाके १९४७ श्री सूर्य उत्तरायण ग्रीष्म ऋतु मिथुनार्क २३ गते आषाढ़ शुक्ल पक्ष द्वादशी तिथि सोमवार सूर्याेदय ५/२२ बजे सूर्यास्त ७/११ बजे राहु काल ७/३० बजे…

समाचार सच, अध्यात्म डेस्क। हिंदू धर्म में चार्तुमास का विशेष महत्व होता है। यह एक ऐसा आध्यात्मिक काल है जो हर वर्ष आषाढ़ शुक्ल एकादशी (देवशयनी एकादशी) से शुरू होकर कार्तिक शुक्ल एकादशी (प्रबोधिनी एकादशी) तक चलता है। इस वर्ष…