रामलीला मैदान ‘शुद्धिकरण’ विवाद में कांग्रेस का अल्टीमेटम, मंगलवार 11 बजे तक कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन

खबर शेयर करें

यशपाल आर्य के नेतृत्व में कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने एसएसपी से की मुलाकात, पूर्व में दी गई तहरीरों पर कार्रवाई न होने का उठाया मुद्दा

समाचार सच, हल्द्वानी।
हल्द्वानी के रामलीला मैदान में 8 अगस्त को कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की जनसभा के बाद कथित ‘शुद्धिकरण’ को लेकर राजनीतिक विवाद लगातार गहराता जा रहा है। कांग्रेस ने अब पुलिस प्रशासन को कार्रवाई के लिए मंगलवार सुबह 11 बजे तक का समय दिया है। कांग्रेस ने चेतावनी दी है कि निर्धारित समय तक मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई नहीं हुई तो पार्टी लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण आंदोलन करेगी।

इसी सिलसिले में सोमवार को नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य के नेतृत्व में कांग्रेस का प्रतिनिधिमंडल हल्द्वानी कोतवाली पहुंचा और एसएसपी से मुलाकात कर मामले में लिखित तहरीर दी। कांग्रेस नेताओं ने कथित घटना की निष्पक्ष जांच कराने, आरोपित व्यक्तियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने और कानून के अनुसार कार्रवाई की मांग की।

कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि 8 अगस्त को रामलीला मैदान में कांग्रेस की जनसभा के बाद कथित तौर पर गंगाजल आदि का छिड़काव कर ‘शुद्धिकरण’ किया गया। पार्टी ने इस घटना को सामाजिक समानता, संवैधानिक मूल्यों और नागरिकों की गरिमा से जुड़ा गंभीर विषय बताया है।

पहले भी दी जा चुकी हैं तहरीरें
महानगर कांग्रेस अध्यक्ष एवं अधिवक्ता गोविंद सिंह बिष्ट ने कहा कि मामले में पुलिस को पहले भी शिकायतें दी जा चुकी हैं। उनके अनुसार अधिवक्ता अंजू और युवक कांग्रेस पदाधिकारियों की ओर से भी पूर्व में तहरीर दी गई थी, लेकिन अभी तक कोई ठोस कानूनी कार्रवाई नहीं हुई।

कांग्रेस ने तहरीर में संविधान के अनुच्छेद 14 एवं 17 तथा अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम, 1989 सहित अन्य लागू कानूनी प्रावधानों के तहत कार्रवाई की मांग की है। पार्टी ने कहा कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के बाद सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर कानून सम्मत कार्रवाई की जानी चाहिए।

यह भी पढ़ें -   उत्तराखंड में आज भारी बारिश का अलर्ट, देहरादून-नैनीताल समेत कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष के बयान पर भी कांग्रेस हमलावर
कांग्रेस नेताओं ने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट के पूर्व में दिए गए कथित बयान को लेकर भी सवाल उठाए। कांग्रेस का कहना है कि मीडिया रिपोर्टों के अनुसार भट्ट ने रामलीला मैदान के कथित शुद्धिकरण को उचित ठहराते हुए कहा था कि कार्यक्रम के बाद यदि मैदान का शुद्धिकरण किया गया तो इसमें गलत क्या है।

कांग्रेस ने आरोप लगाया कि इस तरह के बयान से सामाजिक सौहार्द को नुकसान पहुंचने का खतरा है। पार्टी नेताओं ने कहा कि सार्वजनिक स्थल से जुड़े मामले में राजनीतिक दलों को संवैधानिक मूल्यों और सामाजिक समानता को प्राथमिकता देनी चाहिए।

‘अस्पृश्यता समाप्त हो चुकी है, फिर ऐसी मानसिकता क्यों?’ : यशपाल आर्य
नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने कहा कि संविधान प्रत्येक नागरिक को समानता, सम्मान और गरिमा के साथ जीवन जीने का अधिकार देता है तथा अस्पृश्यता को समाप्त किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि यदि किसी सार्वजनिक कार्यक्रम के बाद सार्वजनिक स्थल को ‘अशुद्ध’ मानकर उसका शुद्धिकरण किया गया है तो यह गंभीर और दुर्भाग्यपूर्ण विषय है।

आर्य ने कहा कि मामले में पहले भी तहरीर दी जा चुकी है, इसके बावजूद कार्रवाई नहीं होना चिंताजनक है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की मांग की।

‘रामलीला मैदान किसी की निजी संपत्ति नहीं’: सुमित हृदयेश
हल्द्वानी विधायक सुमित हृदयेश ने कहा कि रामलीला मैदान शहर का सार्वजनिक स्थल है, जहां कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की जनसभा हुई थी। उन्होंने कहा कि यदि जनसभा के बाद जातिगत मानसिकता के आधार पर सार्वजनिक स्थल का कथित शुद्धिकरण किया गया तो यह आपत्तिजनक है।

यह भी पढ़ें -   आज का राशिफल | 1 सितंबर 2026, मंगलवार | जानिए आज का पंचांग और सभी 12 राशियों का भविष्यफल, किस राशि को मिलेगा धन लाभ और किन राशियों को बरतनी होगी सावधानी

उन्होंने कहा कि यह मामला केवल कांग्रेस या किसी एक नेता तक सीमित नहीं है, बल्कि सामाजिक समानता और संविधान में विश्वास रखने वाले प्रत्येक नागरिक से जुड़ा विषय है।

सुमित हृदयेश ने कहा कि उनके अनुसार अधिवक्ता प्रीति और युवक कांग्रेस की ओर से भी पहले तहरीर दी जा चुकी है, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने पुलिस से मामले को लंबित रखने के बजाय निष्पक्ष जांच कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई करने की मांग की।

‘11 बजे तक कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन’: राहुल छिमवाल
नैनीताल जिला कांग्रेस अध्यक्ष राहुल छिमवाल ने कहा कि मामले में पहले अलग-अलग तहरीरें दी जा चुकी हैं। अब नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य के नेतृत्व में एसएसपी से मुलाकात कर पुनः तहरीर दी गई है।
उन्होंने कहा कि पुलिस प्रशासन को मंगलवार सुबह 11 बजे तक कार्रवाई का समय दिया गया है। निर्धारित समय तक आवश्यक कानूनी कार्रवाई नहीं होने पर कांग्रेस लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण आंदोलन करेगी।

कांग्रेस नेताओं ने कहा कि संविधान की गरिमा, सामाजिक समानता और प्रत्येक नागरिक के सम्मान से जुड़े इस मामले में निष्पक्ष जांच आवश्यक है। पार्टी ने स्पष्ट किया कि कार्रवाई नहीं होने की स्थिति में आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा।
इस दौरान नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य, विधायक सुमित हृदयेश, पूर्व विधायक रंजीत रावत, पूर्व विधायक प्रो. जीत राम, पूर्व विधायक हेमेश खर्कवाल, नैनीताल जिलाध्यक्ष राहुल छिमवाल, महानगर अध्यक्ष एडवोकेट गोविंद सिंह बिष्ट, एससी कांग्रेस जिलाध्यक्ष इंदर पाल आर्य, राजेंद्र सिंह बिष्ट ‘रज्जी’, देवेंद्र चुनौतिया, विनोद कुमार ‘पिंनू’, गिरीश पांडे, मनोज भट्ट सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।

ADVERTISEMENTSAd Ad Ad

सबसे पहले ख़बरें पाने के लिए -

👉 हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ें

👉 फेसबुक पर जुड़ने हेतु पेज़ लाइक करें

👉 यूट्यूब चैनल सबस्क्राइब करें

हमसे संपर्क करने/विज्ञापन देने हेतु संपर्क करें - +91 70170 85440