हल्द्वानी में आधी रात गूंजे ‘जय कन्हैया लाल की’ के जयकारे, कृष्ण जन्म पर झूम उठा शहर; मंदिरों में उमड़ा आस्था का सैलाब

खबर शेयर करें

समाचार सच, हल्द्वानी। रिपोर्ट- नीरू भल्ला।
श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के पावन अवसर पर हल्द्वानी शहर पूरी तरह कृष्ण भक्ति में डूबा नजर आया। शहर के विभिन्न मंदिरों को रंग-बिरंगे गुब्बारों, आकर्षक झालरों और जगमगाती रोशनी से भव्य रूप से सजाया गया। शाम होते ही मंदिरों में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ने लगी और देर रात तक भजन-कीर्तन, धार्मिक कार्यक्रम, झांकियों के दर्शन, पूजा-अर्चना और भक्ति संगीत का दौर चलता रहा। भगवान श्रीकृष्ण के जन्म का समय नजदीक आते ही मंदिरों में उत्साह चरम पर पहुंच गया। रात्रि 12 बजे कान्हा के जन्म के साथ ही मंदिर परिसर ‘जय कन्हैया लाल की’ और ‘जन्मे हैं कृष्ण कन्हाई, गोकुल में बाजे बधाई’ के जयकारों से गूंज उठे। जन्मोत्सव के बाद विशेष आरती कर श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया।

आंवलेश्वर महादेव मंदिर में रंगोली ने खींचा भक्तों का ध्यान
हल्द्वानी के आंवलेश्वर महादेव मंदिर में जन्माष्टमी पर विशेष सजावट और धार्मिक आयोजन आकर्षण का केंद्र रहे। मंदिर में भगवान की मूर्तियों को सुंदर पोशाक पहनाकर आकर्षक श्रृंगार किया गया। मंदिर परिसर में बनाई गई विशेष रंगोली ने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। चावल की किनकियों को अलग-अलग रंगों में रंगकर भगवान की आकृतियों से तैयार की गई रंगोली बेहद आकर्षक नजर आई और इसे देखने के लिए भक्तों की भीड़ लगी रही। रात्रि 12 बजे भगवान श्रीकृष्ण के जन्म के अवसर पर विशेष आरती की गई और इसके बाद श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया।

प्राचीन श्रीराम मंदिर में भजन संध्या ने बांधा भक्तों को
हल्द्वानी के प्राचीन श्रीराम मंदिर में जन्माष्टमी के अवसर पर विशेष भजन संध्या का आयोजन किया गया। देर शाम से ही मंदिर में श्रद्धालुओं का पहुंचना शुरू हो गया था। भजनों और धार्मिक गीतों से पूरा वातावरण भक्तिमय बना रहा। भगवान श्रीकृष्ण के जन्म के समय मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना और आरती की गई। जन्मोत्सव के बाद श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया।

यह भी पढ़ें -   नैनीताल जिले में कल स्कूल बंद! भारी बारिश के अलर्ट के बीच DM का बड़ा आदेश, कक्षा 1 से 12 तक छुट्टी

श्री सत्यनारायण मंदिर में सजी भव्य झांकियां, मनमोहक रहा कान्हा का श्रृंगार
श्री सत्यनारायण मंदिर में भी जन्माष्टमी पर्व को लेकर विशेष तैयारियां की गई थीं। मंदिर परिसर में भगवान श्रीकृष्ण सहित विभिन्न देवी-देवताओं की आकर्षक झांकियां सजाई गईं। भगवान की मूर्तियों को सुंदर पोशाक और आकर्षक आभूषणों से सजाया गया। झांकियों के दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। रात्रि में श्रीकृष्ण जन्म के अवसर पर विशेष पूजा और आरती का आयोजन किया गया।

लटूरिया आश्रम श्रीराधाकृष्ण मंदिर में भजनों पर झूमे श्रद्धालु
श्री लटूरिया आश्रम श्रीराधाकृष्ण मंदिर में जन्माष्टमी का उत्सव श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। मंदिर में विशेष भजन संध्या का आयोजन हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। भक्ति गीतों और श्रीराधाकृष्ण के जयकारों से मंदिर परिसर गूंजता रहा। भगवान श्रीकृष्ण के जन्म के बाद विशेष आरती की गई और भक्तों को प्रसाद वितरित किया गया।

श्री कालूसिद्ध मंदिर में पूजा-अर्चना के लिए उमड़ी भीड़
श्री कालूसिद्ध मंदिर में भी जन्माष्टमी के अवसर पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिली। भक्तों ने मंदिर पहुंचकर भगवान की पूजा-अर्चना की और श्रीकृष्ण जन्मोत्सव में भाग लिया। मंदिर में देर रात तक धार्मिक कार्यक्रम चलते रहे। जन्म के समय विशेष आरती के बाद श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया।

श्री खाटू श्याम मंदिर में भजन संध्या, कृष्ण जन्म पर विशेष आयोजन
श्री खाटू श्याम मंदिर में जन्माष्टमी पर्व पर भजन संध्या का आयोजन किया गया। भक्ति गीतों और भजनों ने माहौल को पूरी तरह भक्तिमय बना दिया। बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर पहुंचे और भगवान के दर्शन कर पूजा-अर्चना की। रात्रि 12 बजे श्रीकृष्ण जन्म के अवसर पर विशेष आरती की गई और इसके बाद प्रसाद वितरण हुआ।

देवी मंदिर से लेकर वैष्णो देवी मंदिर तक उमड़ा आस्था का सैलाब
इसके अलावा हल्द्वानी के श्री प्राचीन देवी मंदिर, शिव मंदिर, वैष्णो देवी मंदिर, दुर्गा मंदिर समेत शहर के अनेक मंदिरों में भी जन्माष्टमी को लेकर विशेष आयोजन किए गए। मंदिरों में आकर्षक झांकियां सजाई गईं और भगवान श्रीकृष्ण की बाल स्वरूप प्रतिमाओं का विशेष श्रृंगार किया गया। श्रद्धालुओं ने देर रात तक मंदिरों में पहुंचकर पूजा-अर्चना की और झांकियों के दर्शन किए। कई स्थानों पर भजन-कीर्तन और धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन भी किया गया।

यह भी पढ़ें -   आज का राशिफल | 5 सितंबर 2026, शनिवार | जानिए आज का पंचांग और सभी 12 राशियों का भविष्यफल, किस राशि को मिलेगा धन लाभ और किन राशियों को बरतनी होगी विशेष सावधानी

आधी रात कान्हा के जन्म के साथ गूंज उठे मंदिर
रात्रि 12 बजते ही जैसे ही भगवान श्रीकृष्ण के जन्म की घोषणा हुई, श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। मंदिरों में शंख और घंटियों की गूंज के बीच भगवान श्रीकृष्ण की विशेष आरती की गई। श्रद्धालुओं ने हाथ उठाकर भगवान के जयकारे लगाए और जन्मोत्सव की खुशियां मनाईं। कई मंदिरों में कान्हा को झूला झुलाया गया और बाल गोपाल के दर्शन कराए गए।

सजावट और रोशनी से जगमगाए मंदिर, देर रात तक रहा भक्तिमय माहौल
जन्माष्टमी को लेकर शहर के मंदिरों में कई दिन पहले से ही तैयारियां शुरू कर दी गई थीं। मंदिर परिसरों को रंग-बिरंगे गुब्बारों, फूलों, झालरों और आकर्षक लाइटों से सजाया गया था। रात के समय रोशनी से जगमगाते मंदिरों की छटा देखते ही बन रही थी। परिवार के साथ मंदिर पहुंचे श्रद्धालुओं ने झांकियों के दर्शन किए और भगवान श्रीकृष्ण से सुख-समृद्धि की कामना की।

पुलिस भी रही मुस्तैद, मंदिरों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था रही चाक-चौबंद
जन्माष्टमी के दौरान मंदिरों और प्रमुख धार्मिक स्थलों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए पुलिस भी सतर्क रही। भीड़भाड़ वाले स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिसकर्मी तैनात रहे। देर रात तक श्रद्धालुओं की आवाजाही के बीच पुलिस ने व्यवस्था संभाले रखी।

कृष्ण भक्ति में डूबा हल्द्वानी, हर ओर सुनाई दिए जयकारे
कुल मिलाकर जन्माष्टमी के अवसर पर पूरा हल्द्वानी शहर कृष्णमय नजर आया। कहीं भजनों की गूंज सुनाई दी तो कहीं आकर्षक झांकियां श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बनीं। भगवान श्रीकृष्ण के जन्म के साथ ही भक्तों ने उत्साह और श्रद्धा के साथ जन्मोत्सव मनाया। देर रात तक मंदिरों में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ ने जन्माष्टमी की भव्यता को और बढ़ा दिया।

ADVERTISEMENTSAd Ad Ad

सबसे पहले ख़बरें पाने के लिए -

👉 हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ें

👉 फेसबुक पर जुड़ने हेतु पेज़ लाइक करें

👉 यूट्यूब चैनल सबस्क्राइब करें

हमसे संपर्क करने/विज्ञापन देने हेतु संपर्क करें - +91 70170 85440