उत्तराखंड में मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान शुरू, आज से घर-घर पहुंचेंगे बीएलओ, 15 सितंबर को प्रकाशित होगी अंतिम सूची

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समाचार सच, देहरादून। उत्तराखंड में मतदाता सूची को अधिक सटीक और अद्यतन बनाने के उद्देश्य से विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान रविवार से शुरू हो गया। इसके तहत प्रदेशभर के मतदाताओं तक गणना फार्म पहुंचाने की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है। निर्वाचन विभाग ने सभी पात्र मतदाताओं से अभियान में सहयोग करने और निर्धारित समयावधि में अपनी जानकारी सत्यापित कराने की अपील की है।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. बीवीआरसी पुरुषोत्तम ने बताया कि राज्य के सभी 11,733 बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) को गणना फार्म उपलब्ध करा दिए गए हैं। आगामी एक माह तक चलने वाले इस विशेष अभियान के दौरान बीएलओ घर-घर पहुंचकर मतदाताओं को फार्म उपलब्ध कराएंगे तथा प्राप्त सूचनाओं को बीएलओ एप के माध्यम से डिजिटल रूप से दर्ज करेंगे। यह प्रक्रिया 7 जुलाई 2026 तक जारी रहेगी।

उन्होंने बताया कि ऐसे मतदाता जो नौकरी, व्यवसाय या अन्य कारणों से दिन के समय घर पर उपलब्ध नहीं रहते, उनके लिए निर्वाचन आयोग ने “बुक ए कॉल विद बीएलओ” सुविधा उपलब्ध कराई है। मतदाता निर्वाचन आयोग की वेबसाइट या ईसीआई-नेट मोबाइल एप के माध्यम से अपने बीएलओ से संपर्क हेतु कॉल बुक कर सकते हैं। कॉल बुक होने के बाद दो दिनों के भीतर संबंधित बीएलओ स्वयं मतदाता से संपर्क करेंगे।

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निर्वाचन विभाग के अनुसार यदि किसी घर में पहली बार भ्रमण के दौरान मतदाता नहीं मिलता है तो बीएलओ तीन बार तक पुनः संपर्क का प्रयास करेंगे। इसके लिए घर पर एक सूचना स्टीकर भी लगाया जाएगा, जिसमें अगली विजिट की तिथि और बीएलओ का मोबाइल नंबर अंकित होगा, ताकि मतदाता सुविधानुसार संपर्क कर सकें।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने मतदाताओं से अनुरोध किया है कि वे गणना फार्म के साथ अपना नवीनतम पासपोर्ट आकार का फोटो उपलब्ध कराएं। हालांकि 8 जून से 7 जुलाई तक चलने वाले घर-घर सत्यापन अभियान के दौरान किसी भी प्रकार के दस्तावेज जमा कराने की आवश्यकता नहीं होगी।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार संचालित यह विशेष पुनरीक्षण अभियान मतदाता सूची के शुद्धिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि अभियान का उद्देश्य पात्र नागरिकों के नाम मतदाता सूची में सुनिश्चित करना और अपात्र अथवा संदिग्ध प्रविष्टियों की पहचान कर सूची को अधिक पारदर्शी एवं विश्वसनीय बनाना है।

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निर्वाचन विभाग द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार 14 जुलाई 2026 को प्रारूप (ड्राफ्ट) मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी। इसके बाद 14 जुलाई से 13 अगस्त तक दावे एवं आपत्तियां दर्ज की जा सकेंगी। प्राप्त दावों और आपत्तियों का निस्तारण 11 सितंबर तक किया जाएगा, जबकि अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन 15 सितंबर 2026 को किया जाएगा।

अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. विजय कुमार जोगदंडे ने बताया कि मतदाता स्वयं भी ईसीआई-नेट एप के माध्यम से गणना फार्म डाउनलोड कर उसे भरकर ऑनलाइन अपलोड कर सकते हैं। वहीं, जिन पात्र नागरिकों का नाम अभी मतदाता सूची में दर्ज नहीं है, वे संबंधित बीएलओ से संपर्क कर फार्म-6 भर सकते हैं। ऐसे आवेदनों पर दावे एवं आपत्तियों की प्रक्रिया के दौरान विचार किया जाएगा।

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