उत्तराखंड की महिलाओं को मिलेगा सरकारी नौकरी में 30 फीसदी आरक्षण, सीएम ने बिल को मंजूरी देने पर किया राज्यपाल का आभार व्यक्त

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समाचार सच, देहरादून। उत्तराखंड की महिलाओं के लिए बड़ी खबर है। अब महिलाओं को सरकारी नौकरी (Government Job) में 30 फीसदी आरक्षण मिलने का रास्ता साफ हो गया है। महिलाओं को अब नौकरी में 30 फीसदी क्षैतिज आरक्षण का लाभ दे दिया गया है। मंगलवार को इससे संबंधित विधेयक को राज्यपाल की मंजूरी मिल गई। सीएम धामी ने महिला आरक्षण बिल को मंजूरी देने पर राज्यपाल का आभार व्यक्त किया है।

मीडिया रिपोर्टस के अनुसार सीएम पुष्कर सिंह धामी (CM Dhami) सरकार की ओर से लाए गए विधेयक को कानूनी अधिकार मिल गया है। बताया जा रहा है कि राजभवन ने विधेयक को मंजूरी देने से पहले इसका न्याय और विधि विशेषज्ञों से परीक्षण कराया। इस कारण विधेयक को मंजूरी मिलने में एक महीने का समय लग गया। जिसके अब राज्यपाल की मंजूरी मिल गई है। जिसके बाद अब सीएम ने प्रतिक्रिया दी है।

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सीएम धामी ने ट्विटर पर लिखा हमारी सरकार द्वारा विधानसभा में पारित महिला आरक्षण बिल को मंजूरी देने पर माननीय राज्यपाल जी का हार्दिक आभार। यह कानून निश्चित तौर पर मातृशक्ति के सशक्तिकरण में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। राज्य के विकास में अतुलनीय योगदान देने वाली नारी शक्ति के उत्थान हेतु हम प्रतिबद्ध हैं।

गौरतलब है कि उत्तराखंड में महिलाओं (women in uttarakhand) को 18 जुलाई, 2001 से आरक्षण दिया जा रहा था। उस वक्त सिर्फ 20 फीसदी महिलाओं को आरक्षण मिल रहा था। हालांकि, 2006 में उत्तराखंड सरकार ने बड़ा फैसला करते हुए ऐलान किया कि राज्य की मूल निवाली महिलाओं को सरकारी नौकरी में 30 फीसदी आरक्षण दिया जाएगा। हालांकि, आरक्षण को लेकर विवाद की शुरुआत पिछले साल हुई, जब लोक सेवा आयोग की उत्तराखंड सम्मिलित प्रवर सेवा परीक्षा का आयोजन हुआ।

वहीं परीक्षा के बाद जारी हुए रिजल्ट को लेकर हरियाणा की एक महिला अभ्यर्थी हाईकोर्ट पहुंच गई। उसका कहना था कि उत्तराखंड की स्थानीय अभ्यर्थी से ज्यादा नंबर होने के बाद भी उसे बाहर किया गया। हाईकोर्ट ने मामले पर सुनवाई करते हुए 24 अगस्त को उत्तराखंड की स्थानीय महिलाओं को मिल रहे आरक्षण पर रोक लगा दी। हालांकि, सरकार इस फैसले से नाराज चल रही थी।

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यही वजह था कि उसने हाईकोर्ट के आदेश के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में विशेष अनुमति याचिका दाखिल की थी। सरकार ने मूल निवासी महिलाओं को आरक्षण दिए जाने को उचित ठहराया था। सरकार ने 30 नवंबर 2022 को विधानसभा से महिला आरक्षण बिल को मंजूरी दी थी। जिसके बाद अब राजभवन की मंजूरी के साथ ही महिला अभ्यर्थियों को सरकारी नौकरियों में 30 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण का कानूनी अधिकार भी मिल गया है।

Women of Uttarakhand will get 30 percent reservation in government jobs, CM thanked the Governor for approving the bill

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