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बॉडी को करें एल्केलाइन

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समाचार सच, स्वास्थ्य डेस्क। स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद भेाजन की टर्मिनोलॉजी और स्वस्थ जीवन के फंडे समझना आसान है। यह कोई नहीं बता सकता कि स्वास्थ्य कहां रूकता है और अस्वास्थ्य की शुरूआत कहां से होती है? किसी भी स्वस्थ भोजन को एल्केलाइन को एल्केलाइन या एसिडिक नजरिये से देखा जाता है। भोजन जितना एल्केलाइन होगा, सेहत के लिए वो उतना ही फायदेमंद होगा। कैंसर रोगियों के लिए एल्केलाइन डाइट का महत्व बढ़ गया है। विभिन्न अध्ययन भी यह बताते हैं कि एसिडिक भोजन के कारण कैंसर होने की संभावना बनी रहती है। एल्केलाइन बैलेंस – आपके रक्त द्वारा ऑक्सीजन शरीर के सभी अंगों को सप्लाई होती है और इसी के जरिए उसे पोषक तत्व मिलते हैं। आपकी बॉडी का पीएच (पोटेंशियल ऑफ हाईड्रोजन) संतुलित होना चाहिए। मूलरूप से बॉडी का एल्केलान एसिड संतुलित हो ताकि हमारी दोनों किडनी सही रहें।
पैकेज्ड फूड पर निर्भरता द्वारा हम एसिड ज्यादा कंज्यूम करते हैं। जबकि डेयरी प्रोडक्ट्स, अनाज, मीट और शुगर में पहले से एसिड होता है, जिसके कारण हमारी किडनी पर बहुत जोर पड़ता है और उनमें एसिड जमा होने से हमारे कोमल तंतु प्रभावित होते हैं। इससे हमारे शरीर में खनिज लवण जैसे कैल्शियम, सोडियम, पोटाशियम और मैग्नीशियम, खतरनाक स्तर पर कम हो जाते हैं। ऐसे में हमें ज्यादा एल्केलाइन फूड लेना चाहिए।
बड़ी तस्वीर
हमारे शरीर का पीएच 7-4 होता है और अगर यह कम हो जाए तो हमारी रोग प्रतिरोधक क्षमता कम हो जाती है और बीमारियां हो सकती है। सोडियम ओर शुगर वाले खाद्य पदार्थ जो प्रोसेस्ड फूड में होते हैं, वो हमारे पीएच को बढ़ा देते हैं और शरीर में एसिड की मात्रा बढ़ जाती है। हमारा स्वास्थ्य एल्केलाइनएन्वार्यनमेंट पर होता है इसमें कमी से वजन घटता है और हमारी कार्यक्षमता और रोग प्रतिरोधक क्षमता भी बढ़ती है। सिर्फ भोजन से ही हमारा एसिडिक एन्वार्यनमेंट खराब नहीं होता, हमारी बॉडी में एसिड बनता भी है। मांसपेशियांे का ज्यादा इस्तेमाल सांस लेने और भोजन को पचाने में दूसरे तत्व जैसे तनाव, टॉक्सिंस, वायु प्रदूषण, तंबाकू, अनिद्रा या ज्यादा दवाइयां के सेवन से भी ऐसा होता है।
सही खाएं – हर भोजन में हमारे पीएच स्तर को बदलने की ताकत होती है। एसिडिक फूड हमारे स्वास्थ्य का सबसे बड़ा दुश्मन है। लेकिन हर समय एल्केलाइन फूड नहीं ले सकता। अच्छी फैट जैसे एवोकेडो, नट्स, घी और नारियल का तेल, सैचुरेटिड फैट की तुलना में स्वास्थ्यके लिए ज्यादा अच्दे हैं। प्रोसेस्ड एनिमल प्रोटीन गेहूं और कुछ दूसरे अनाज हमारी बॉडी का पीएच बढ़ा देते हैं। इसलिए इन्हें देा बार से ज्यादा नहीं लेना चाहिए। दिन में अपने भोजन में एल्केलाइन 80 प्रतिशत और 20 प्रतिशत एसिडिक फूड लेना चािहए।
एल्केलाइन हो जाएं
सुबह के समय हमारा शरीर एसिडिक होता है, इसलिए हमें एल्केलाइन डिंªक लेनी चाहिए। उसमें थोड़ा एप्पल साइडर या विनेगर लेना चाहिए। अपनी डाइट में स्प्राउट शामिल करें। वो बेहद एल्केलाइन होते हैं। यह ताकत और पौष्टिक तत्वों का भंडार होते हैं, जो शरीर में एनर्जी को बूस्ट करने वाले एंजाइम्स को बढ़ाते हैं। प्रतिदिन एक्सरसाइज करें, एक्सरसाइज द्वारा हमारे शरीर से एसिडिक वेस्ट बाहर होता है। ज्यादा एक्सरसाइज न करें, इससे हमारी बॉडी का पीएच बढ़ जाता है। शुगर सबसे ज्यादा एसिडिक फूड है जिसे हम रोज लेते हैं। आपको अपनी शुगर को कंज्यूम करने के लिए बहुत सारा पानी पीना चाहिए और भोजन में माइक्रोन्यूट्रियंस से भरी हरी पत्तेदार सब्जियां ज्यादा से ज्यादा लेनी चाहिए।

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