Mooli-3

आयुर्वेद के अनुसार, दिन में इस समय मूली खाने पर मिलता है अधिक लाभ

Ad - Harish Pandey
Ad - Swami Nayandas
Ad - Khajaan Chandra
Ad - Deepak Balutia
Ad - Jaanki Tripathi
Ad - Asha Shukla
Ad - Parvati Kirola
Ad - Arjun-Leela Bisht
खबर शेयर करें

समाचार सच, स्वास्थ्य डेस्क। अक्सर लोगों की शिकायत रहती है कि मूली खाने में टेस्टी तो लगती है लेकिन इसे खाने के बाद पूरा दिन खराब हो जाता है…क्योंकि पेट में लगातार बनती गैस हर समय असहज करती रहती है। अगर आपको पता होगा कि मूली खाने का सही तरीका क्या है तो आपको टेस्ट भी मिलेगा और सेहत भी। साथ ही आप शर्मिंदगी से भी बचे रहेंगे।

रात को नहीं खानी चाहिए मूली
मूली आयरन का बहुत अच्छा स्रोत है। इसे खाने के तुरंत बाद सोना नहीं चाहिए क्योंकि इसके डायजेशन के लिए बॉडी को अतिरिक्त ऊर्जा की जरूरत होती है। इस कारण रात में इसका पाचन ठीक से नहीं हो पाता है। इसलिए कई बार यह पेट दर्द की वजह बन सकती है। बेहतर रिजल्ट के लिए मूली को हमेशा दिन के वक्त खाना चाहिए।

खाली पेट मूली खाने से बचें
खाली पेट यानी सुबह सबसे पहले कभी भी मूली खाने से बचना चाहिए। इसका कारण इसमें आयरन की अधिकता ही है। क्योंकि आयरन की अधिकता के कारण खाली पेट इसे खाने पर पाचन संबंधी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं, इससे कई बार पेट दर्द होने लगता है या गैस बनने की दिक्कत होने लगती है।

आयरन के अलग-अलग फूड
क्योंकि मूली पृथ्वी के अंदर उगनेवाला भोजन है इसलिए यह प्रकृति में भारी होता है। जबकि आयरन से भरपूर मखाना जल में उगने के कारण प्रकृति में हल्का भोजन होता है इसलिए उसका पाचन आसान होता है और हम उसका सेवन खाली पेट कर सकते हैं।

यह भी पढ़ें -   डायबिटीज मरीजों के साथ - साथ सेहत के लिए बेहद फायदेमंद है सफेद बैंगन

नहीं होना है कंफ्यूज
मूली और मखाने की तुलना यहां इसीलिए की ग है ताकि आपके मन में यह दुविधा ना रहे कि मखाना भी तो आयरन से भरपूर होता है, उसकी खीर या दूध के साथ उसका सेवन करना तो पायदेमंद बताया जाता है। दरअसल, आयरन के प्रचुर सोर्स होने के बाद भी मखाना और मूली में मुख्य अंतर उनकी प्रकृति का ही है। इसलिए इन्हें खाने का तरीका बदल जाता है।

वक्त के साथ बदलती प्रकृति
अगर दिन में खाते हैं तो यह ऊष्ण प्रकृति की होती है। जाड़ों की फसल है। लेकिन अगर जाड़े के समय में दोपहर बाद खाएंगे तो अभिष्यन्दि की तरह काम करती है। यानी के शरीर में त्वचा के अंदर की तरफ के सूक्ष्म छिद्रों को बंद कर देती है। इससे पेट में दर्द की समस्या हो सकती है।


मूली खाने का सही समय

ऐसे रखें वक्त का ध्यान
सब्जी के रूप में दोपहर तक खा लें। पराठे के रूप में खा रहे हैं तो सुबह के वक्त खा लें लेकिन ध्यान रखें कि इससे पहले आपने कुछ और जरूर खाया हो। ऐसा ना करें कि सुबह पहला कोर ही मूली के पराठे का खा रहे हैं। मूली की सलाद भोजन से पहले खानी चाहिए। इससे सलाद का पूरा पोषण शरीर को मिलता है।

यह भी पढ़ें -   विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूरी भूषण ने ध्वजारोहण कर परेड को दी सलामी

मूली के साथ संयोग विरोध
मूली के पराठे के साथ चाय या दूध का सेवन नहीं करना चाहिए। साथ ही नाश्ते या खाने के साथ में पेय पदार्थ नहीं लेने चाहिए। इससे पाचन संबंधी परेशानी, पेट दर्द की समस्या हो सकती है। यदि आप लंबे समय तक मूली या मूली के पराठे के साथ दूध या चाय का सेवन करते हैं तो इससे स्किन डिजीज होने का डर रहता है, जैसे शरीर पर सफेद दाग।

इस समय मूली से बचें
आजकल स्टोर की गई सब्जियां हर सीजन में मार्केट में उपलब्ध रहती हैं। यही वजह है कि गर्मी के मौसम में भी अगर आपको सलाद के रूप में मूली देखने को मिल जाए तो हैरानी नहीं होती। लेकिन गर्मी या बरसात में मूली का सेवन ना करने में ही समझदारी है। ताकि सेहत पर इसका बुरा असर ना पड़े। आप गैस और पेट दर्द जैसी दिक्कतों से बचे रहें।

सबसे पहले ख़बरें पाने के लिए -

👉 हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ें

👉 फेसबुक पर जुड़ने हेतु पेज़ लाइक करें

👉 यूट्यूब चैनल सबस्क्राइब करें

हमसे संपर्क करने/विज्ञापन देने हेतु संपर्क करें - +91 70170 85440

Leave a Reply

Your email address will not be published.