समाचार सच, अध्यात्म डेस्क। हिंदू धर्म में अमावस्या तिथि का विशेष महत्व है। अगर अमावस्या तिथि पितृ पक्ष में आती है, तो इसका महत्व और बढ़ जाता है। पितृ पक्ष में आने वाली अमावस्या को सर्वपितृ अमावस्या या सर्व पितृ…


समाचार सच, अध्यात्म डेस्क। हिंदू धर्म में अमावस्या तिथि का विशेष महत्व है। अगर अमावस्या तिथि पितृ पक्ष में आती है, तो इसका महत्व और बढ़ जाता है। पितृ पक्ष में आने वाली अमावस्या को सर्वपितृ अमावस्या या सर्व पितृ…

समाचार सच, हरिद्वार। उत्तराखण्ड के हरिद्वार जिले में महिला के अंतिम संस्कार की तैयारी चल रही थी, तभी अचानक वहां पुलिस के पहुंचने पर लोगों में हड़कंप मच गया। मामला जिले के रूड़की का है। पुलिस टीम ने महिला के…

समाचार सच, टिहरी। उत्तराखंड के टिहरी में एक दर्दनाक हादसा हो गया। यहां जौनपुर ब्लॉक के ग्राम सभा तुनेटा में ततैया के हमले से पिता और पुत्र की मौत हो गई है। इस घटना से जहां पूरे गांव में मातम…

समाचार सच, हल्द्वानी/नैनीताल। प्रदेश, देश व विदेश के टूर व पर्यटन यात्रा कराने में माहिर वाईटीडीओ (यूथ टूरिज्म डेवलपमेंट ऑर्गनाइजेशन) का नाम किसी परिचय का मोहताज नहीं है। वे पिछले चार दशकोें से देश-विदेश की यात्राएं करा रहे हैं। देश…

समाचार सच, अध्यात्म डेस्क। हिन्दू धर्म में हर साल आश्विन मास के कृष्ण पक्ष की अमावस्या तिथि पर पड़ने वाली अमावस्या को सर्वपितृ अमावस्या कहा जाता है। सर्वपितृ अमावस्या के साथ ही पितृपक्ष का समापन होता है। ऐसी मान्यता है…

समाचार सच, अध्यात्म डेस्क। आज़ दिनांक ३० सितम्बर २०२४ सोमवार का पंचांग श्रीसंवत २०८१ श्रीशाके १९४६ श्री सूर्य दक्षिणायन शरद ऋतु कन्यार्क १५ गते आश्विन मास कृष्ण पक्ष त्रयोदशी तिथि सोमवार सूर्याेदय ६/१० बजे सूर्यास्त ५/५५ बजे राहु काल ७/३०…

Haldwani news: समाचार सच, हल्द्वानी। विश्व हृदय दिवस के अवसर पर साईं हॉस्पिटल हल्द्वानी में निःशुल्क हृदय रोग शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में 200 से अधिक लोगों का निःशुल्क शुगर, ब्लड प्रेसर, ईसीजी, पेशमेकर की जाँच, फेफड़ों की…

समाचार सच, स्वास्थ्य डेस्क। श्राद्ध पक्ष में आने वाली आश्विन माह के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी के श्राद्ध का खास महत्व है। इस श्राद्ध को करने से मृत बच्चों की आत्मा को शांति मिलती है और उन्हें नया जन्म लेने…

समाचार सच, अध्यात्म डेस्क। पितृदोष के संबंध में ज्योतिष और पुराणों की अलग अलग धारणा है लेकिन यह तय है कि यह हमारे पूर्वजों और कुल परिवार के लोगों से जुड़ा दोष है। श्राद्ध तीन पीढ़ियां पितृ, पितामाह और परपितामाह…